📍 खैरागढ़ (छत्तीसगढ़) — शिक्षा विभाग में फर्जी नियुक्ति पत्र के आधार पर पिछले लगभग 4 सालों से सहायक ग्रेड-3 और डेटा एंट्री ऑपरेटर के पद पर नौकरी कर रहे चार कर्मचारियों को बर्खास्त कर दिया गया है। यह कार्रवाई तब हुई जब उनके नियुक्ति पत्रों की जांच में फर्जीवाड़ा सामने आया।
📌 क्या हुआ?
- सितंबर 2021 में राज्य शिक्षा आयोग के सचिव डॉ. ओ.पी. मिश्रा के आदेश का हवाला देकर चार लोगों को अलग-अलग स्कूलों में नियुक्ति पत्र दिए गए थे।
- ये नियुक्ति पत्र फर्जी पाए गए क्योंकि दस्तावेज़ों के हस्ताक्षर और क्रमांक वास्तविक नहीं मिले।
- शिकायत मिलने के बाद जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) लालजी द्विवेदी ने जांच करवाई, जिसमें सभी नियुक्तियाँ फर्जी घोषित हुईं।
- इसके बाद संबंधित चार कर्मचारियों को «छत्तीसगढ़ सिविल सेवा नियम 1966» के नियम 10-9 के तहत बर्खास्त कर दिया गया।
📍 फर्जी नियुक्ति विवरण
| कर्मचारी नाम | पदस्थापन स्थान | पद |
|---|---|---|
| टीकमचंद साहू | हाई स्कूल, मोहगाँव | सहायक ग्रेड-3 |
| फगेंद्र सिन्हा | उमा शाला, बकरकट्टा | सहायक ग्रेड-3 |
| रजिया अहमद | उमा शाला, पैलीमेटा | सहायक ग्रेड-3 |
| अजहर अहमद | छुईखदान बीईओ | डेटा एंट्री ऑपरेटर |
इन चारों ने सालों तक वेतन भी ले रखा था, लेकिन अब नियुक्तियाँ फर्जी पाए जाने पर उन्हें सेवा से हटा दिया गया।
एक अन्य व्यक्ति सीएच एंथोनी को भी नियुक्ति पत्र दिया गया था, लेकिन उसने नौकरी ज्वाइन नहीं की, इसलिए उस पर कार्रवाई नहीं हुई।

